
तो क्या जंग अब त्योहार के कैलेंडर से चलेगी? एक तरफ मिसाइलें गरज रही थीं… और अचानक ब्रेक! Vladimir Putin ने ईस्टर के नाम पर 2 दिन का सीजफायर ऐलान कर दिया। लेकिन सवाल वही—ये शांति है या सिर्फ ‘वॉर का वीकेंड ऑफ’?
पुतिन का ‘ईस्टर सीजफायर’—क्या है पूरा प्लान?
रूस ने 11 अप्रैल से 12 अप्रैल तक 2 दिन का युद्धविराम घोषित किया है। Vladimir Putin ने साफ कहा कि Ukraine को उकसावे से बचना चाहिए और इस धार्मिक मौके पर शांति बनाए रखनी चाहिए। आदेश सीधे सेना तक पहुंचा—हर दिशा में ऑपरेशन रोक दो।
ऑर्थोडॉक्स ईस्टर: जंग के बीच आस्था का ब्रेक
12 अप्रैल को Orthodox Easter मनाया जाएगा। पुतिन ने इसे “राहत का मौका” बताया। मतलब—टैंक साइलेंट, मिसाइलें होल्ड पर… और उम्मीद कि यूक्रेन भी हथियार नीचे रखेगा।
‘सीजफायर’ लेकिन ट्रस्ट जीरो
यहां कहानी में ट्विस्ट है। पुतिन ने अपने सैनिकों को साफ कहा—सतर्क रहो! अगर उकसावे की जरा सी भी हरकत हुई, तो जवाब तुरंत दो। यानी शांति का ऐलान… लेकिन उंगली ट्रिगर पर ही।
जंग अभी भी जिंदा है
सीजफायर से पहले हालात बेहद विस्फोटक थे। यूक्रेन ने रूस के प्रमोर्सक और नोवोरोसिस्क पोर्ट्स पर हमला किया। रूस ने जवाब में ड्रोन से रिहायशी इलाकों को निशाना बनाया। यानी 2 दिन का ब्रेक… लेकिन बैकग्राउंड में जंग का इंजन चालू ही है।

2022 से जल रहा है युद्ध का मैदान
Russia-Ukraine War फरवरी 2022 से जारी है।
- लाखों लोग मारे जा चुके
- लुहांस्क पर रूस का दावा
- डोनबास को लेकर यूक्रेन अड़ा
और असली टकराव? NATO की एंट्री को लेकर टकराती जिदें।
शांति या सिर्फ ‘टाइम-आउट’?
ईस्टर का यह सीजफायर दुनिया को राहत देता दिख रहा है… लेकिन असली सवाल अभी भी खड़ा है—क्या यह शांति की शुरुआत है या सिर्फ जंग का छोटा सा ब्रेक? क्योंकि यहां भरोसा कम… और बारूद ज्यादा है।
